गुरु गोचर 2026: सिंह राशि में बृहस्पति

महाशुभ ग्रह गुरु (बृहस्पति) निरयन राशिचक्र में 31 अक्टूबर 2026, 12:02 IST को सिंह राशि में प्रवेश करेंगे। दिसंबर में वे वक्री होंगे, जनवरी 2027 में कुछ समय के लिए कर्क में लौटेंगे और जून 2027 में फिर सिंह में आएँगे। यहाँ सटीक समयरेखा और हर चंद्र राशि पर इसका अर्थ है।

तिथि और समयघटना
31 अक्टूबर 2026, 12:02 ISTगुरु का सिंह राशि में प्रवेश
13 दिसंबर 2026, 06:00 ISTगुरु सिंह में वक्री
25 जनवरी 2027, 01:31 ISTगुरु का कर्क राशि में प्रवेश
13 अप्रैल 2027, 08:12 ISTगुरु कर्क में मार्गी
26 जून 2027, 05:18 ISTगुरु का सिंह राशि में प्रवेश
26 नवंबर 2027, 18:45 ISTगुरु का कन्या राशि में प्रवेश

समय स्विस एफेमेरिस (निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश) से गणना किए गए हैं, भारतीय / श्रीलंका समय (IST, UTC+5:30) में।

अपनी चंद्र राशि चुनें

शास्त्रीय गोचर के अनुसार इसे अपनी चंद्र राशि से पढ़ें। पूरी तस्वीर के लिए — आपका लग्न, चल रही दशा और आपकी कुंडली में सटीक भाव — अपनी कुंडली देखें।

♈मेषशुभ

आपके 5वें भाव में गुरु

सबसे अच्छी स्थितियों में से एक: संतान, पढ़ाई, रचनात्मकता, प्रेम और सही निर्णय के लिए शुभ। सीखने, सोच-समझकर निवेश और नई परियोजनाओं का अच्छा समय।

♉वृषभचुनौतीपूर्ण

आपके 4वें भाव में गुरु

ध्यान घर, संपत्ति और माता पर रहेगा। घरेलू ज़िम्मेदारियाँ या संपत्ति के मामले मन की शांति पर असर डाल सकते हैं; जल्दबाज़ी में संपत्ति के निर्णय न लें।

♊मिथुनचुनौतीपूर्ण

आपके 3वें भाव में गुरु

प्रयासों का पूरा फल न मिलने का अनुभव हो सकता है और योजनाओं में अधिक धैर्य चाहिए। छोटी यात्रा, नौकरी या स्थान परिवर्तन संभव है — कौशल और धैर्य से प्रगति होगी।

♋कर्कशुभ

आपके 2वें भाव में गुरु

धन, परिवार और वाणी के लिए शुभ गोचर। बचत, पारिवारिक उत्सव या विवाह के योग बढ़ सकते हैं, और आपकी बात का वज़न होगा।

♌सिंहमिश्रित

आपके 1वें भाव में गुरु

चंद्र राशि पर गुरु ज्ञान और प्रतिष्ठा बढ़ाते हैं, पर बेचैनी, अतिरिक्त खर्च और स्थान परिवर्तन भी ला सकते हैं। अधिक ज़िम्मेदारियाँ न लें और खान-पान तथा वज़न का ध्यान रखें।

♍कन्याचुनौतीपूर्ण

आपके 12वें भाव में गुरु

खर्च बढ़ेंगे — अक्सर अच्छे कार्यों, यात्रा या विदेशी संबंधों पर। आराम, नींद और साधना ज़रूरी है; उधार देने से बचें।

♎तुलाशुभ

आपके 11वें भाव में गुरु

आय, लाभ और इच्छापूर्ति के लिए फलदायी गोचर। मित्र, संपर्क और बड़े भाई-बहन नए अवसर देंगे।

♏वृश्चिकमिश्रित

आपके 10वें भाव में गुरु

करियर में बड़ी ज़िम्मेदारियाँ और पद या नियोक्ता में बदलाव संभव। लगातार और ईमानदारी से काम करें, वरिष्ठों से अहं के टकराव से बचें।

♐धनुशुभ

आपके 9वें भाव में गुरु

भाग्य और मार्गदर्शन का प्रवाह: उच्च शिक्षा, लंबी यात्रा, तीर्थ और पिता या गुरुजनों का सहयोग। आस्था और उद्देश्य मज़बूत होंगे।

♑मकरचुनौतीपूर्ण

आपके 8वें भाव में गुरु

अचानक खर्च, देरी या स्वास्थ्य संबंधी चिंताएँ आ सकती हैं। यह गहरा, परिवर्तनकारी समय है: शोध, आध्यात्मिकता, बीमा या विरासत के मामलों के लिए अच्छा — जोखिम भरे कामों के लिए नहीं।

♒कुंभशुभ

आपके 7वें भाव में गुरु

विवाह, साझेदारी और समझौतों के लिए सहायक। संबंध, व्यापारिक सौदे और लोगों से व्यवहार अच्छा रहेगा — प्रतिबद्धता के लिए अच्छा समय।

♓मीनचुनौतीपूर्ण

आपके 6वें भाव में गुरु

स्वास्थ्य, कर्ज़ और कार्यस्थल के तनाव पर ध्यान दें। प्रतिद्वंद्वियों या विवादों को सावधानी से संभालें; अनुशासित दिनचर्या और स्पष्ट कागज़ी काम आपकी रक्षा करेंगे।

आपकी कुंडली पर क्या असर?

चंद्र राशि केवल एक हिस्सा है। यह गोचर अपनी जन्म कुंडली और वर्तमान दशा के साथ देखें — मुफ़्त।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

2026 में गुरु सिंह राशि में कब प्रवेश करेंगे?

गुरु 31 अक्टूबर 2026, 12:02 IST (भारतीय / श्रीलंका समय) को निरयन सिंह राशि में प्रवेश करेंगे।

कुछ साइटें अलग तिथि क्यों बताती हैं?

पाश्चात्य (सायन) ज्योतिष अलग राशिचक्र प्रयोग करता है, इसलिए उसकी तिथियाँ लगभग 24 दिन अलग होती हैं। वैदिक तिथियाँ अयनांश के अनुसार भी थोड़ी बदलती हैं; हम लाहिरी अयनांश प्रयोग करते हैं।

क्या गुरु वापस कर्क में जाएँगे?

हाँ। गुरु दिसंबर 2026 में वक्री होकर जनवरी 2027 में कर्क में लौटेंगे, अप्रैल में मार्गी होंगे और जून 2027 में फिर सिंह में प्रवेश करेंगे — ऊपर समयरेखा देखें।

चंद्र राशि से देखें या लग्न से?

शास्त्रीय गोचर चंद्र राशि से देखा जाता है, जो इस पृष्ठ पर है। लग्न से और चल रही दशा के साथ देखने पर पूरी तस्वीर मिलती है।

अद्यतन: 2026-10-17